बच्चे के किस इशारे का क्या अर्थ होता है और इन्हें कैसे समझा जाता है

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How To Decode Your Baby's Sign Language
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Simranjit Kaur

Mother of one, Master of Education with specialization in child-psychology. After becoming mother, I met with real me. I am now learning new concepts of parenting every fresh day and sharing my experiences with other mothers. I believe, one of the most important things that you, as a parent, should work on is - your child's psychology. Understanding the child-psychology will help you build stronger bonds and know them better.

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क्या आप जानते हैं कि बहुत छोटे बच्चे जो बोलने में असमर्थ होते है, आमतौर पर रो कर या इशारों में हमसे बहुत कुछ कहते हैं। अपनी बात रखने का उनके पास यही एकमात्र तरीका होता है। लेकिन, समस्या यह है कि पहली बार माता-पिता बने पति-पत्नी अक्सर बच्चे की इन इशारों को समझ ही नहीं पाते और न ही बच्चे की किसी तरह से मदद कर पाते हैं। इस लेख में हम आपको बताएंगे कि बच्चे के किस इशारे का क्या अर्थ होता है और कैसे आप उनकी इस भाषा को समझा जा सकता है।

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कुछ बहुत ही सामान्य इशारे

  1. यदि आपका बच्चा बार-बार पलकों को झपकाता है और हाथों को अपनी आंखों के पास ले जाता है, तो इसका अर्थ है कि वह सोना चाहता है।
  2. अगर बच्चा बार-बार मुंह खोलता है, तो आपको समझ लेना चाहिए कि उसे मुझे भूख लगी है।
  3. अगर बच्चा जोर-जोर से हिलने लगता है और हाथों को हिलाने लगता है, तो वह आपसे कहना चाहता है कि वह खेलने के लिए तैयार है।
  4. जब बच्चा अपनी पीठ को झुकाता है, सिर को एक तरफ कर देता है और सीधे आंखों के संपर्क से बचता है, तो वह आपसे “ना” कह रहा है।

आंखों को रगड़ना

चाहे बच्चे की मुठ्ठियों खुली हो या बंद, लेकिन जब वह अपने हाथों से आँखों के आसपास के क्षेत्र को रगड़ने लगता है, तो वह आपको यह बताने की कोशिश कर रहा होता है कि वह थका हुआ है या नींद में है। यह इशारा, न कि केवल शिशुओं में बल्कि बड़े लोगों में भी देखा जा सकता है। यदि आप थके हुए हैं, तो मस्तिष्क पूरे शरीर को सूचना पहुंचाता है, और आपकी आंखें अपने-आप से बंद होने लगती हैं।

एड़ियों को एक दूसरे से रगड़ना

यह इशारा पेट की परेशानी से जुड़ा हुआ है। चाहे पेट का दर्द हो या कोई अन्य दर्द या फिर आंतों में गैस या कब्ज, शिशु खुद को इस बेचैनी से राहत दिलाने के अपनी एड़ियों को एक-दूसरे से रगड़ता है।

दोनों हाथ उठाना

जब आपका बच्चा दोनों हाथों को उठाता है, तो वह आपसे गोद में उठाए जाने का आग्रह कर रहा है। यह उन पहले इशारों में से एक है, जिसे बच्चा सहज रूप से स्नेह या सुरक्षा की आवश्यकता को पूरा करने के लिए करता है।

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हाथों को फैलाना

हाथों को फैलाना, बच्चे के अच्छे मूड में और तनावमुक्त होने का संकेत है। वह अपने आसपास मौजूद चीजों को टटोलना चाहता है। कई बार यही इशारा इस बात की ओर भी संकेत करता है कि आप उसे उठाएं।

कानों को पकड़ना या पोंछना

जब वह अपने कानों को पकड़ता या पोंछता है, तो वह आपको यह कहने की कोशिश कर रहा होता है कि वह किसी चीज से परेशान है या उसे कुछ असुविधा/दर्द है। हो सकता है आप उसे जो भोजन दे रहीं हैं, वह उसे पसंद नहीं है या फिर वह पेट में गैस से परेशान है।

आपको अपनी ओर खींचना

जब बच्चा आपको अपनी ओर खींचने लगता है, तो वह आपसे कह रहा है कि वह सहज नहीं है। इस उम्र में बच्चे नई -नई चीजों को खुद से जानना चाहते हैं। इसलिए अगर आपका बच्चा आपको खींचता है, तो वह वास्तव में आपका आपका ध्यान खींचना चाहता है।

आप बच्चे के इस बर्ताव को आक्रामक या अपमानजनक न समझें। अगर बच्चा ऐसा करता है, तो आपको किसी नतीजे पर पहुँचने से पहले एक गहरी सांस लेनी हैं और उसके द्वारा ऐसा करने के पीछे के कारण को समझना है।

यहाँ याद रखें अगर आपका बच्चा किसी वजह से उत्तेजित है, निराश है, बीमार है या थका हुआ है, तो भी वह संवाद करने के लिए शरीर का अधिक उपयोग करेगा।

घुटने मोड़ना

बच्चे के इस इशारे को खेल न समझे। वह ऐसा तभी करता है, जब उसे पेट में समस्या होती है। यह समस्या पेट में गैस, कब्ज इत्यादि कुछ भी हो सकती है।

गैस से छुटकारा पाने के लिए, हर भोजन के बाद बच्चे को डकार दिलाएं। साथ ही, अपने आहार का भी ध्यान रखें। आप खुद भी ऐसा कुछ न खाएं, जिससे शिशु को (स्तनपान के माध्यम से) गैस जैसी समस्या हो।

मुठ्ठियों को भींचना

अधिकांश बच्चे अपने हाथों को आराम की स्थिति में रखते हैं। वे बहुत कुछ नहीं कर सकते क्योंकि किसी प्रकार की शारीरिक गतिविधि के लिए उनको तंत्रिका तंत्र और मस्तिष्क के अधिक से अधिक विकास की आवश्यकता होती है।

कभी-कभी, अकड़ी हुई मुट्ठी भी तनाव या भूख का लक्षण हो सकती है।

जरूर पढ़े – नवजात शिशुओं में पेट की गैस की समस्या

आपकी जानकरी के लिए बता दें कि ज्यादातर बच्चे 8वें सप्ताह में अपनी मुट्ठी खोले लेते हैं। अगर इस अवधि के बाद भी बच्चा हाथ को टाइट रखता है और 3 महीने की उम्र के बाद भी मुठ्ठियों को नहीं खोलता, तो आपको इस बारे में डॉक्टर से बात करनी चाहिए।

पैरों को लगातार हिलाना

एड़ियों की तरह अगर वह अपने पैरों को ख़ुशी से हिलाता है, तो वह आपके साथ खेल रहा है। लेकिन, अगर वह रोते हुए हिलाता है, तो इसका मतलब है कि उसे कुछ परेशान कर रहा है। यह डायपर बदले जाने का संकेत भी हो सकता है।

अगर आपका भी कोई प्रश्न हो, तो हमारे विशेषज्ञ से पूछें।

अगली बार, आप ऐसे किसी भी संकेत को देखते हैं, तो आप आसानी से इसके अर्थ को समझ सकते हैं और अपने बच्चे की मदद कर सकते हैं। क्या आपके पास भी कोई अन्य संकेत हैं, जो आप इस सूची में जोड़ना चाहेंगे? अगर हाँ, तो हमसे जरूर सांझा करें।

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